चर्चा में देश में वैक्सीन से पहली मौत की पुष्टि, क्या...

देश में वैक्सीन से पहली मौत की पुष्टि, क्या सच में घातक है कोरोना वैक्सीन

टीका लगवाने के बाद टीकाकरण केंद्र पर 30 मिनट तक इंतजार करना है जरूरी

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कोरोना वैक्सीन टीके के दुष्प्रभाव का अध्ययन कर रही सरकार की एक समिति ने टीकाकरण के बाद एनाफिलेक्सिस (जानलेवा एलर्जी) की वजह से मृत्यु के पहले मामले की पुष्टि की है।

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कोरोना का टीका लगाए जाने के बाद प्रतिकूल प्रभावों (एईएफआई) से मौत के 31 मामलों का समिति ने मूल्यांकन किया। राष्ट्रीय एईएफआई समिति की रिपोर्ट के अनुसार 68 साल के एक व्यक्ति को 8 मार्च 2021 को टीका लगाया गया था, जिसके बाद गंभीर एलर्जी होने से उसकी मृत्यु हो गई। समिति के अध्यक्ष डॉ एनके अरोड़ा ने बताया यह कोरोना वैक्सीन से जुड़ा एनाफिलेक्सिस से मृत्यु का पहला मामला है।
इससे यह बात और पुख्ता होती है कि टीका लगवाने के बाद टीकाकरण केंद्र पर 30 मिनट तक इंतजार करना जरूरी है। अधिकतर एनाफिलेक्सिस प्रतिक्रियाएं इसी अवधि में होती हैं और तत्काल उपचार से रोगी को मृत्यु से बचाया जा सकता है। समिति ने 5 ऐसे मामलों का अध्ययन किया जो 5 फरवरी को सामने आए थे, 8 मामले 9 मार्च को और 18 मामले 31 मार्च को सामने आए थे।
first death due to covid vaccine side effect government confirms in hindi | कोरोना वैक्सीन से देश में पहली मौत की हुई पुष्टी, सरकारी पैनल ने रिपोर्ट में बताया कारण और कही
रिपोर्ट में कहा गया है कि अप्रैल के पहले सप्ताह के आंकड़ों के अनुसार टीके के प्रति 10 लाख डोज में मृत्यु के मामले 2.7 है। इतनी ही डोज में अस्पताल में भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या 4.8 है। केवल मृत्यु होना या रोगी का अस्पताल में भर्ती होना इस बात को साबित नहीं कर सकता कि यह घटनाएं टीका लगवाने के कारण हुई। कुल 31 मामलों में से 18 मामलों का टीकाकरण से कोई लेना-देना नहीं पाया गया। 7 मामलों को अनिश्चित की श्रेणी में रखा गया। 3 मामले टीके के उत्पाद से संबंधित थे। 1 मामला चिंता और बेचैनी से जुड़ा पाया गया, और 2 मामलों को किसी श्रेणी में नहीं रखा गया।
क्या है एनाफिलेक्सिस-
एनाफिलेक्सिस एक घातक एलर्जी है। जिसका तुरंत इलाज किया जाना चाहिए। यह एक आपातकालीन स्थिति है जो तेजी से फैलती है। समय पर इलाज किए जाने पर इस एलर्जी से ज्यादातर लोग ठीक भी हो जाते हैं।
क्या है एनाफिलेक्सिस के लक्षण-
  • त्वचा पर चकत्ते पड़ जाते हैं। खुजली होने लगती है और सूजन भी आ जाती है।
  • ऑक्सीजन की कमी के कारण त्वचा का रंग नीला पड़ सकता है ।
  • कई बार चक्कर आ जाता है और सिर दर्द भी होने लगता है ।
  • सांस लेने में घरघराहट की आवाज आती है, जीभ पर भी सूजन आ जाती है।
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