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पुलिसिया रेवैये पर अखिलेश यादव की ये बात बिल्कुल सटीक बैठती है! बस सीएम के फैसले का रहेगा इन्तजार

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लखनऊ। विवेक तिवारी हत्याकांड के बाद सूबे की पुलिसिया कार्रवाई पर ऊँगली उठने लगी है। राज्य के मुखिया योगी आदित्यनाथ ने भी अब इस मामले में सख्ती दिखाना शुरू कर दिया है। लेकिन विपक्ष को सरकार के ऊपर हमलावर होने का पूरा मौका मिल चुका है।

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इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने विवेक तिवारी हत्याकांड को लेकर योगी सरकार पर सोमवार को जमकर हमला बोला।

अखिलेश यादव

उन्होंने विवेक तिवारी के परिजनों को मदद देने की मांग करते हुए कहा कि राज्य में जितने भी फर्जी एनकाउंटर हुए हैं, सबके परिवार वालों को मदद दी जाए। यहां राठौर सम्मेलन में अखिलेश यादव ने कहा, “विवेक तिवारी के साथ लखनऊ में हुई घटना प्रदेश में कोई पहली घटना नहीं है।

इसी तरह से जितेंद्र यादव को नोएडा में एक कार्यक्रम से आते समय पुलिस ने गोली मार दी और उसका जीवन बर्बाद कर दिया। आज वह कुछ कर नहीं सकता, केवल बिस्तर से पड़ा रहता है। इसी तरह सचिन गुर्जर का एनकाउंटर कर दिया गया।”

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि एनकाउंटर को लेकर मानवाधिकार आयोग से जितनी नोटिस भाजपा सरकार को मिली है, उतनी नोटिस आज तक किसी सरकार को नहीं मिली है।

उन्होंने कहा, “प्रदेश में जिस तरह फर्जी एनकाउंटर हो रहे हैं, उससे लोग डरे हुए हैं। इन घटनाओं के लिए सरकार ही जिम्मेदार है। जनता इंतजार कर रही है। समय आने पर इनका जवाब देगी। सड़क से लेकर जेल तक लोगों की हत्या हो रही है। भाजपा सरकार में कब किसकी कहां हत्या हो जाए कोई भरोसा नहीं।”

मीडिया को धन्यवाद देते हुए अखिलेश ने कहा, “मीडिया में खबर आने के बाद सरकार को मजबूरी में कार्रवाई करनी पड़ी। जिस पुलिस पर सुरक्षा का दायित्व है, अगर वही गोली मारने लगे तो जनता कैसे सुरक्षित रहेगी।”

लखनऊ में विवेक तिवारी के साथ हुई घटना के लिए प्रदेश सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए अखिलेश ने कहा कि जब मुख्यमंत्री विधानसभा में डरावनी भाषा का इस्तेमाल करते हैं, तो पुलिस खुले आम लोगों को मारेगी ही।

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